सना, जुलाई 29 -- सऊदी अरब के खिलाफ समुद्री घेराबंदी की घोषणा के ठीक एक सप्ताह बाद यमन का ईरान-समर्थित हूती गुट अब दक्षिणी लाल सागर से गुजरने वाले व्यावसायिक जहाजों पर शुल्क लगाने की योजना पर गंभीरता से काम कर रहा है। माना जा रहा है कि यह कदम क्षेत्रीय तनाव को नया मोड़ देने वाला साबित हो सकता है। दरअसल, 20 जुलाई को हूती गुट ने सऊदी अरब पर समुद्री प्रतिबंधों की औपचारिक घोषणा की थी। इस घोषणा के साथ ही समूह ने अमेरिका और उसके सहयोगियों के खिलाफ चल रहे क्षेत्रीय संघर्ष में एक नया मोर्चा खोल दिया। साथ ही खाड़ी क्षेत्र से बाहर वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति ले जाने वाले व्यावसायिक जहाजों पर हमलों की तीव्रता भी बढ़ा दी गई है। रिपोर्टों के अनुसार, हूती अधिकारी दक्षिणी लाल सागर को अदन की खाड़ी से जोड़ने वाले अत्यंत रणनीतिक बाब-अल-मंडेब स्ट्रेट से गुजरने वाल...