लखनऊ ज्ञान प्रकाश, मई 26 -- प्रशांत महासागर में पनप रहे 'सुपर अल-नीनो' ने मौसम वैज्ञानिकों की चिंता बढ़ा दी है। यू ट्यूब पर कई विशेषज्ञ इसे सबसे भीषण अल नीनो बताते हुए 149 साल पहले यानी वर्ष 1877 की तुलना कर रहे हैं। दूसरी और मौसम विभाग के अनुसार अल-नीनो सामान्य या मजबूत ही होता है। सुपर अल-नीनो जैसा कुछ नहीं लेकिन मौसमी परिस्थितियों पर नजर रखी जा रही है। सकारात्मक संकेत यह हैं कि हिन्द महासागर की परिस्थतियां अनुकूल हो सकती हैं। हमारे देश में मानसून की गतिविधियों पर हिन्द महासागर का प्रभाव ज्यादा रहता है। मौसम विभाग माह के अंत में इस बारे में स्पष्ट दीर्घ पूर्वानुमान जारी करने वाला है। फिलहाल तो आईएमडी का पूर्वानुमान है कि दक्षिण भारत के केरल तट पर मानसून सामान्य से करीब एक सप्ताह पहले यानी 26 मई तक दस्तक दे सकता है, वहीं उत्तर प्रदेश और ...