अलीगढ़, अप्रैल 12 -- अलीगढ़, वरिष्ठ संवाददाता। अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय के सुन्नी धर्मशास्त्र विभाग द्वारा हेनरी मार्टिन इंस्टीट्यूट (एचएमआई), हैदराबाद के सहयोग से आयोजित "सह-अस्तित्व और विश्व धर्म" विषयक दो दिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी का आयोजन किया गया। अध्यक्षता पद्मश्री प्रो. अख्तरुल वासे ने की। अपने अध्यक्षीय संबोधन में उन्होंने कहा कि इस्लाम मानवता और पारस्परिक सम्मान को बढ़ावा देता है और लोगों को एक दूसरे के करीब लाता है। उन्होंने कुरआनी सिद्धांतों के संदर्भ में धार्मिक स्वतंत्रता का उल्लेख करते हुए कहा कि आस्था सह-अस्तित्व और सामाजिक सद्भाव को प्रोत्साहित करती है। मुख्य अतिथि मौलाना कल्बे राशिद रिजवी ने कहा कि आत्मानुशासन और इच्छाओं पर नियंत्रण शांतिपूर्ण सह-अस्तित्व के लिए आवश्यक है, क्योंकि इससे दूसरों और उनके अधिकारों के प्रति सम...