नई दिल्ली, जून 15 -- मौजूदा समय में भारत के नागरिकों को एक और झटका लग सकता है और वो है पेट्रोल और डीजल की कीमतों में बढ़ोतरी। इस बार इसके पीछे कोई स्थानीय कारण नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय टकराव जिम्मेदार है। इसराइल और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष ने पूरी दुनिया की ऊर्जा बाजार को हिला कर रख दिया है और इसका सीधा असर कच्चे तेल (Crude Oil) की कीमतों पर पड़ रहा है। आइए जरा विस्तार से इसकी पूरी कहानी समझते हैं। यह भी पढ़ें- झटका! 44% तक घट गई इस सस्ती मारुति कार की बिक्री; कीमत Rs.6 लाख से कमक्यों बढ़ रही हैं कीमतें? मध्य-पूर्व (Middle East) दुनिया के सबसे बड़े तेल उत्पादक क्षेत्रों में से एक है। जब इस क्षेत्र में युद्ध या अशांति होती है, तो दुनिया भर में तेल की आपूर्ति पर खतरा मंडराने लगता है। इस वजह से अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें आ...
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