इटावा औरैया, नवम्बर 27 -- राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ के जिलाध्यक्ष जितेंद्र कुमार त्रिपाठी व महामंत्री जितेन्द्र सिंह यादव की अगवाई में शिक्षकों ने सांसद जितेंद्र दोहरे के आवास पर पहुंचकर उनको पात्रता परीक्षा टीईटी की अनिवार्यता संबंधी मामले को लेकर ज्ञापन सौंपा। इसमें मांग की गई है कि यह अनिवार्यता खत्म की जाए। शिक्षकों ने सांसद जितेन्द्र दोहरे को बताया कि न्यायालय के निर्णय के अनुसार सभी सेवारत शिक्षकों के लिए उनकी नियुक्ति की तिथि चाहे जो हो, टीईटी अनिवार्य कर दिया गया है। शिक्षकों को दो वर्ष में शिक्षक पात्रता परीक्षा पास करना अनिवार्य है अन्यथा की स्थिति में उनकी सेवा प्रभावित हो सकती है। उन्होंने बताया कि इस निर्णय से देश के लगभग 20 लाख शिक्षक प्रभावित हैं जिनकी सेवा सुरक्षा, पदोन्नति और आजीविका पर गंभीर संकट उत्पन्न हो गया है। उत्तर ...
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