नई दिल्ली, जून 30 -- नोट: कृप्या मिंट का लोगो लगाएं जतिन ग्रोवर यह भी पढ़ें- Jio IPO का सबसे बड़ा राज खुला! मुकेश अंबानी ने ऐसे रची थी 'प्रोजेक्ट जुपिटर' की सीक्रेट प्लानिंग नई दिल्ली। भारत में व्यावसायिक सैटेलाइट ब्रॉडबैंड सेवाओं की शुरुआत अभी तक अटकी हुई है। भारती-समर्थित वनवेब को 2022 में ही लाइसेंस मिल गया था, इसके अलावा जियो एसईएस और स्टारलिंक को भी लाइसेंस मिला, पर सेवा शुरू नहीं हो पाई।सुरक्षा संबंधी चिंताएं वास्तव में, सुरक्षा संबंधी चिंताएं इसकी मुख्य वजहें हैं। इसके अलावा दूरसंचार नियामक ट्राई द्वारा स्पेक्ट्रम आवंटन के ढांचे की सिफारिश किए जाने के एक साल से अधिक समय बाद भी अभी तक इसके संचालन की शर्तों को अंतिम रूप नहीं दिया जा सका है।डाटा देश से बाहर जाने की चिंता सरकार को सबसे बड़ी चिंता सुरक्षा की है क्योंकि इन विदेशी कंपनियो...