मुजफ्फर नगर, जून 27 -- मुजफ्फरनगर। इंडियन फार्मासिस्ट एसोसिएशन (फार्मासिस्ट वॉइस) ने जिलाधिकारी के माध्यम से केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री को ज्ञापन भेजकर सभी कफ सिरपों को शेड्यूल एच (बिना डॉक्टर के पर्चे के न बिकने वाली श्रेणी) में शामिल करने के प्रस्ताव पर पुनर्विचार की मांग की है। एसोसिएशन के पदाधिकारियों का कहना है कि इस फैसले से ग्रामीण और गरीब मरीजों पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ेगा, क्योंकि उन्हें सर्दी-खांसी जैसी सामान्य बीमारियों के लिए भी डॉक्टर की फीस चुकानी होगी। संगठन ने सुझाव दिया कि पूरी कफ सिरप श्रेणी के बजाय केवल कोडीन और डेक्सट्रोमेथॉर्फन जैसे नशीले साल्ट्स वाले सिरपों पर ही नियंत्रण लगाया जाए, ताकि आम जनता को परेशानी न हो।ज्ञापन देने वालों में शाहजेब मलिक, प्रवीण कुमार राव, चांद मौहम्मद, राजिक गौर, अरशद पाशा, अरशद राजपूत, प्रवी...