मुजफ्फरपुर, नवम्बर 3 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। बीआरएबीयू और सूबे के अन्य विश्वविद्यालयों में पीजी करने वाले छात्र अगर इंटरनल में फेल कर जाते हैं तो उन्हें पीजी की डिग्री नहीं मिलेगी। लोकभवन से एक वर्षीय पीजी और दो वर्षीय पीजी के लिए जारी नये रेगुलेशन में इसका फैसला लिया गया। लोकभवन ने यह रेगुलेशन बीआरएबीयू समेत सभी विश्वविद्यालयों को भेज दिया है। इंटरनल में पास होने के लिए छात्रों को दो बार मौके दिये जाएंगे। इसके बाद उन्हें कोई मौका नहीं मिलेगा। बीआरएबीयू के डीएसडब्ल्यू प्रो. आलोक प्रताप सिंह का कहना कि सभी विभागों और पीजी कॉलेजों को नये रेगुलेशन का पालन करना होगा।

पीजी के नए नियम और डिग्री की शर्तें अगले साल से एक वर्ष की पीजी शुरू होगी बिहार के विश्वविद्यालयों में अगले वर्ष से एक वर्ष की पीजी शुरू हो रही है। दो वर्ष की पीजी में ...