देवरिया, जनवरी 8 -- देवरिया, निज संवाददाता। आवारा कुत्तों को लेकर जिम्मेदार विभाग गंभीर नहीं हैं। इससे शैक्षणिक संस्थानों, हास्पिटल, बस डिपो, रेलवे स्टेशन, सरकारी दफ्तरों तथा स्पोर्टस काम्पलेक्स आदि में कुत्तों का झुंड मड़राता रहता है। इससे आये दिन लोग कुत्तों के काटने का शिकार होते हैं। जिले में हर महीने औसतन दो से तीन हजार लोगों को कुत्ते काटते हैं। हालांकि आवारा पशुओं को रखने को नगर पालिका, नगर पंचायतों व ब्लाकों में पशु आश्रय स्थल, गोशाला आदि बनाया गया है। जहां पशुओं को पकड़ कर रखा जाता है। जिले की आबादी करीब 35 लाख तक पहुंच गयी है। विशेषज्ञों के अनुसार आबादी का 5 से 7 फीसदी कुत्तों की संख्या होती है। इसके अनुसार जिले में करीब 1.75 लाख कुत्तों की संख्या है। वहीं देवरिया नगर पालिका की आबादी पौने तीन लाख है। इससे शहर में करीब 15 हजार कु...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.