रायबरेली, जून 15 -- रायबरेली संवाददाता। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के तहत बनाए गए गोल्डन कार्डों में बड़ी गड़बड़ी सामने आई है। जिले में अब तक करीब 40 हजार मरीजों के गोल्डन कार्ड फंस गए हैं। इसके चलते जरूरतमंद मरीजों को मुफ्त इलाज का लाभ नहीं मिल पा रहा है। वहीं योजना से जुड़े प्राईवेट अस्पतालों का करोड़ रुपए का भुगतान भी नहीं हो पा रहा है। जिले में करीब साढ़े 14 लाख लोगों में से सिर्फ 9.1 लाख लोगों के ही गोल्डन कार्ड बन पाए हैं। शेष पात्र लाभार्थियों के कार्ड या तो अधूरे हैं या तकनीकी कारणों से सक्रिय नहीं हो सके हैं। इससे गरीब परिवारों को गंभीर बीमारी के इलाज में भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इसमें मरीजों का कहना है कि इलाज के लिए प्राईवेट अस्पताल पहुंचने पर उन्हें यह कहा जाता है कि उनका गोल्डन कार्ड सिस्टम में नहीं दिख...