नई दिल्ली, जून 10 -- मध्य प्रदेश में दो से ज्यादा बच्चे पैदा करने वाले मां-बाप भी अब सरकारी सेवा के योग्य माने जाएंगे। प्रदेश सरकार ने दो बच्चों की बाध्यता वाली नीति को समाप्त कर दिया है। आज से दो दशक पहले आबादी जब ज्यादा तेजी से बढ़ रही थी, तब अनेक उपायों से परिवार नियोजन को बल दिया जा रहा था। मध्य प्रदेश ने साल 2001 में यह नियम बनाया था कि दो से अधिक जीवित बच्चों वाले अभ्यर्थी सरकारी सेवा में सीधी भर्ती और विभागीय नियुक्तियों के लिए अपात्र माने जाएंगे। यह कड़ा नियम न केवल सरकारी नौकरी चाहने वाले उम्मीदवारों, बल्कि सरकारी सेवा में लगे लोगों पर भी लागू किया गया था। हम दो हमारे दो की नीति के तहत लिया गया वह फैसला बदलते दौर के साथ पलट दिया गया है। इस नीतिगत परिवर्तन में सावधानीपूर्वक यह सुनिश्चित करना चाहिए कि लोग कहीं परिवार नियोजन से तौबा...