नई दिल्ली, अक्टूबर 8 -- सुप्रीम कोर्ट ने बुधवार को दिल्ली गोल्फ क्लब (डीजीसी) से कहा कि वह एक सप्ताह के अंदर साफ तौर पर बताए कि वह सदस्यों का चयन कैसे करता है। क्लब द्वारा कोर्ट के पिछले आदेश के जवाब में पेश किए गए जवाबों को दस्तावेजों का उलझा हुआ ढेर बताते हुए नाराजगी भी जाहिर की। जस्टिस अहसानुद्दीन अमानुल्लाह और एन. कोटिश्वर सिंह की बेंच ने कहा कि हमने साफ कर दिया था कि हमें यह जानना है कि क्लब में सभी कैटेगरी के लिए मेंबरशिप देने का तरीका और फीस का स्ट्रक्चर क्या है। कोर्ट ने कहा कि क्या आप चाहते हैं कि हम कागजों के जंजाल में उलझे रहें? क्या कोर्ट के आदेश को आप इसी तरह समझते हैं? अगर ऐसा है तो यह बहुत दुखद है। हम क्लब की तरफ से दाखिल हलफनामे से खुश नहीं हैं। इसमें मेंबरशिप देने के लिए अपनाई गई प्रक्रिया की जानकारी दी जानी चाहिए थी। यह ...