देहरादून, अप्रैल 15 -- प्राकृतिक आपदाओं के पूर्व चेतावनी सिस्टम की तर्ज पर जंगलों में लगने वाली आग के लिए सिस्टम तैयार किया जाएगा। मुख्य सचिव आनंद बर्द्धन ने बुधवार को सचिवालय में वनाग्नि रोकथाम के लिए आयोजित बैठक में वन विभाग, मौसम विभाग और केंद्रीय संस्थान वन सर्वेक्षण को संयुक्त रूप से इसका मॉड्यूल तैयार करने के निर्देश दिए। इससे वनाग्नि की संभावनाओं का पहले ही अनुमान लगा लिए जाने से जानमाल के नुकसान को रोकने में सहायता मिलेगी।मुख्य सचिव ने सख्त रुख में कहा कि वनाग्नि की रोकथाम के लिए हर साल जनवरी के महीने के भीतर भीतर ही विभाग, विभिन्न समितियों और स्थानीय लोगों के साथ बैठकें कर अनिवार्य रूप से रणनीति तैयार कर लें। मालूम हो कि राज्य में फायर सीजन 15 फरवरी से शुरू हो जाता है। जोकि 30 जून तक चलता है। इस वर्ष वनाग्नि से निपटने के लिए बैठक...