सराईकेला, मार्च 22 -- राजनगर। प्रखंड के उरांव टोला में आदिवासी समाज का प्रकृति पर्व सरहुल धूमधाम के साथ मनाया गया। इस अवसर पर गांव के पाहन ने पारंपरिक विधि-विधान के साथ सरना स्थल पर पूजा-अर्चना की। प्रकृति से सुख-समृद्धि की कामना की। पर्व के दौरान ग्रामीण पारंपरिक वेशभूषा में सजे-धजे नजर आए। महिलाओं और युवतियों ने पारंपरिक नृत्य-गीत प्रस्तुत कर माहौल को उत्सवमय बना दिया। वहीं युवाओं ने भी ढोल-नगाड़ों की थाप पर जम कर नृत्य किया। समाजसेवी रविन्द्र उरांव ने बताया कि सरहुल पर्व प्रकृति और पर्यावरण के प्रति आस्था का प्रतीक है। जिसमें सखुआ (साल) के फूलों से धरती माता की पूजा की जाती है।मौके पर पूरे गांव में आपसी भाईचारा और उत्साह का माहौल देखने को मिला। कार्यक्रम को सफल बनाने में समाजसेवी रविन्द्र उरांव, संचु धन्वा, माघु कुजूर, गुरचरण लकड़ा, सुन...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.