आदिवासी बहुल क्षेत्र में गहराया पेयजल संकट
दुमका, मई 30 -- दलाही, प्रतिनिधि। मसलिया प्रखंड मुख्यालय से करीब 30 किलोमीटर स्थित गुमरो पंचायत का आदिवासी बहुल गांव पहाड़पुर में बने अधिकांश जलमीनार की स्थिति काफी दयनीय है। कई जलमीनार वर्षो से बंद पड़े हैं, जबकि कई जलमीनार के आगे अब जंगल-झाड़ उग आए हैं। गांव स्थित कुएं की स्थिति भी नाजुक है। गांव के लोगों को पीने का पानी इस भीषण गर्मी में जुगाड़ करना सबसे बड़ी चुनौती बन गई है। गांव में स्थित एक जर्जर पड़े कुंए के गंदे पानी से लोग किसी तरह अपना काम चलाते हैं। कुंए का पानी पीने योग्य नहीं हैं, ग्रामीण केवल अन्य काम के उपयोग में इसे लाते हैं। गांव में ही स्कूल के पास लगे जलमीनार से लोगों को पीने का पानी लाना पड़ता है। उसमें भी कभी-काभी काफी भीड़ हो जाने की स्थिति में विवाद भी लोगों में होता रहता है। यह भी पढ़ें- जमुआ: श्याम सिंह नावाडीह में...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.