आगरा, मार्च 6 -- दहेज उत्पीड़न एवं आत्महत्या के लिए विवश करने के आरोपित पति अयाज उर्फ गुड्डू और सास जुबेदा निवासी सदर को अदालत ने साक्ष्य के अभाव में बरी करने के आदेश दिए। आरोपियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता दीपक कुमार शर्मा ने तर्क दिए। वादी शाहिद हुसैन ने थाना सदर में मुकदमा दर्ज करा आरोप लगाया था कि उसकी बुआ रशीदा उर्फ गुड्डी का निकाह 20 जून 2009 को आरोपित अयाज के साथ हुआ था। वादी के अनुसार ससुरालीजन दहेज से संतुष्ट नहीं होने के कारण उसकी बुआ को उत्पीड़ित करते थे। ससुरालीजनों के उत्पीड़न से परेशान होकर वादी की बुआ ने 14 मार्च 2017 को फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। उक्त मामले में वादी समेत सात गवाह पेश किए। गवाहों ने अपने पूर्व कथनों का समर्थन नहीं किया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...