बागपत, अगस्त 18 -- बागपत। जिला एवं सत्र न्यायाधीश मनोज कुमार ने बिजवाड़ा गांव निवासी फाइनेंस कंपनी के रिकवरी एजेंट विकास को आत्महत्या के लिए उकसाने की आरोपी महिला की जमानत याचिका सुनवाई के बाद खारिज कर दी। इस मामले में आरोपी महिला गत 24 जुलाई से जेल में बंद है। बिजवाड़ा गांव निवासी वीरेंद्र तोमर ने जुलाई माह में बिनौली थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। उन्होंने बताया कि उनका छोटा बेटा विकास कुमार चार साल से किस्त फाइनेंस कंपनी में रिकवरी एजेंट था। कुछ समय पहले रानी निवासी नंगला रवा विकास के संपर्क में आई, जो स्वयं सहायता समूह का संचालन करती है। आरोप लगाया कि रानी ने अपने पति दिलशाद के साथ मिलकर विकास को झांसे में लेकर एक लाख रुपये ले लिए। विकास ने वे रुपये किसी अन्य युवक से उधार लेकर दिए थे। महिला और उसके पति ने मांगने पर रुपये वापस देने से मन...