अयोध्या, मई 16 -- अयोध्या। ज्येष्ठ अधिक मास रविवार से शुरू हो जाएगा जो कि 15 जून तक चलेगा । खगोलीय दृष्टि से सूर्य वर्ष 365 दिन 6 घंटे का होता है जबकि चंद्र वर्ष 354 दिनों का होता है। इस 11 दिनों के अंतर को ठीक करने के लिए वैज्ञानिक रूप से अधिक मास की व्यवस्था की गई है। हिंदू धर्म में अधिक मास को अत्यंत पवित्र और पुण्यदायी माना गया है। यह आत्मशुद्धि, भक्ति, दान और भगवान विष्णु की विशेष कृपा प्राप्त करने का दुर्लभ अवसर होता है। वर्ष 2026 में ज्येष्ठ अधिक मास का विशेष संयोग बन रहा है, जिसे धार्मिक दृष्टि से अत्यंत शुभ माना जा रहा है। यह भी पढ़ें- Jyeshtha Adhik Maas 2026: पुरुषोत्तम मास में तुलसी जी की पूजा देता है पुण्य फल, जानिए इसका महत्व और सही तरीका इस पूरे मास में पूजा-पाठ, जप, तप, व्रत और दान का विशेष महत्व बताया गया है। इसे पुरुषोत्...