नई दिल्ली, जुलाई 20 -- सोनम वांगचुक ने भूख हड़ताल खत्म करने के लिए सरकार के सामने तीन शर्तें रख दी हैं। उन्होंने पत्र के जरिए बताया है कि अगर उनकी तबीयत ठीक नहीं रहती, तो सांसदों और नेताओं को अस्पताल आकर उनसे बात करनी होगी। एक दिन पहले ही यानी रविवार को उनकी पत्नी गीतांजलि आंग्मो ने कहा था कि सोमवार से शुरू हो रहे संसद के मॉनसून सत्र में शिक्षा क्षेत्र में जवाबदेही का मुद्दा उठाया जाएगा, तो वह अपना अनशन खत्म कर देंगे। वांगचुक के इस पत्र पर 19 जुलाई तारीख डली हुई है। साथ ही लिखा है कि वह इसे सफदरजंग अस्पताल में अवैध हिरासत से लिख रहे हैं। साथ ही ये आरोप भी लगाए हैं कि वहां उनकी गतिविधियों, स्पीच और बातचीत पर रोक लगाई गईं हैं। खास बात है कि उनका पत्र ऐसे समय पर सामने आया है कि जब 20 जुलाई सोमवार को CJP यानी कॉकरोच जनता पार्टी के बैनर तले सं...