बक्सर, मार्च 30 -- बक्सर, हमारे संवाददाता। सदर प्रखंड क्षेत्र के अहिरौली स्थित सरस्वती विद्या मंदिर में त्रिदिवसीय आचार्य कार्यशाला का आयोजन हुआ। इसमें विभिन्न शैक्षणिक विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। इसमें प्रथम सत्र में विद्यालय के प्राचार्य मनोरंजन कुमार ने कार्यशाला के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। जिसमें शिक्षकों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि एक आचार्य का दायित्व केवल पाठ्यक्रम पूरा करना नहीं, बल्कि छात्रों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाना भी है। इस अवसर पर भोजपुर विभाग के विभाग प्रमुख लाल बाबू प्रसाद ने प्रेरक प्रसंगों के माध्यम से आचार्यों को उनके कर्तव्यों और दायित्वों का स्मरण कराया। उन्होंने समयबद्धता, अनुशासन और समर्पण को एक आदर्श शिक्षक की पहचान बताया। स्वाध्याय सत्र में इस...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.