बांदा, जून 22 -- बांदा। जनपद में अग्निशमन विभाग की लापरवाही छात्र-छात्राओं पर कभी भी भारी पड़ सकता है। जनपद में करीब एक सैकड़ा से ज्यादा कोचिंग सेंटर व लाइब्रेरी संचालित हो रही हैं। इनमें बच्चों से सुविधाओं के नाम पर मनमानी फीस वसूली जा रही है, फिर भी उनकी जान खतरे में डाली जा रही है। सोमवार को लखनऊ के गेमिंग जोन में 14 बच्चों की दर्दनाक हादसे में मौत से भी जिला प्रशासन व फायर विभाग सबक लेने को तैयार नहीं है। आपके हिन्दुस्तान अखबार ने सोमवार को शहर के कई कोचिंग सेंटरों पड़ताल की तो हकीकत सामने आई। डीएम कालोनी में ही करीब 20 कोचिंग सेंटर मानक को ताक पर रखकर संचालित हो रहे हैं। कोई बेसमेंट में तो कोई दूसरे मंजिल में, जहां बच्चों के उतरने के लिए सिर्फ एक ही दरवाजा व संकरी सीढ़िया हैं। बहुत ही कम कोचिंग सेंटर संचालकों के पास फायर विभाग की एनओ...