महाराजगंज, मार्च 12 -- महराजगंज, हिन्दुस्तान टीम। गर्मी शुरू होने के साथ ही आइसक्रीम कारखाने सक्रिय होने लगे हैं। कई कारखानों में दूध की जगह हानिकारक केमिकल मिलाकर आइसक्रीम बनाया जा रहा है। जांच के बाद इस मिलावट की पुष्टि हुई है। अब आइसक्रीम मालिक के खिलाफ भारी जुर्माना लगाने व जेल भेजने की कार्यवाही की जा रही है। इसके साथ ही एडीएम डॉ. प्रशांत कुमार ने जिले के सभी आइसक्रीम कारखानों पर औचक छापामारी की तैयारी कर ली है। एडीएम का कहना है कि आइसक्रीम के नाम पर बच्चों के जीवन के साथ खिलवाड़ नहीं होने दिया जाएगा।एफएसएसएआई व यूएसडीए के मानक के अनुसार आइसक्रीम में वसा कम से कम 10 प्रतिशत जरूर रहनी चाहिए। कुल ठोस पदार्थ भी कम से कम 20 प्रतिशत रहनी जरूरी है। वहीं वसा रहित दूध ठोस कम से कम 6 प्रतिशत से कम नहीं होनी चाहिए। लेकिन अधिकांश आइसक्रीम बनाने ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.