प्रयागराज, मार्च 15 -- प्रयागराज। रसोई गैस की किल्लत का संकट अस्पतालों-वृद्धाश्रमों, रियायती रसोई घरों और गरीबों को वितरित किए जा रहे भोजन पर पड़ने लगा है। हालांकि रसोई गैस का वैकल्पिक इंतजाम भी लोग अपने-अपने स्तर से कर रहे हैं। अस्पताल के बाहर चाय-पानी, पूड़ी-सब्जी बेचने वाले ठेलों पर रसोई गैस के बजाय लकड़ी, कोयला, केरोसिन और इंडक्शन का सहारा ले रहे हैं। एसआरएन अस्पताल के बाहर खान-पान की साम्रगी के दाम बढ़ने से अस्पताल में आने वाले मरीजों व तीमारदारों को परेशानी हो रही है। बातचीत में लोगों ने बताया कि पहले जो पांच पूड़ी-सब्जी 30 रुपये में मिलती अब वह 50 से 60 रुपये में मिल रही है। सबसे ज्यादा दिक्कत मंदिरों के बाहर व फुटपाथ पर बैठे जरूरतमंद लोगों की है जो रोज वितरित किए जाने वाले भोजन पर निर्भर रहते हैं। शुक्रवार और शनिवार को कोई सांईं म...