उरई, दिसम्बर 13 -- आटा। एसआईआर प्रक्रिया के दौरान अपने दस्तावेज न दिखा पानी और सही जानकारी न दिए जाने पर अस्थाई हाईवे की नवीन गल्ला मंडी में भेजे गए सभी 120 लोगों की पहचान के लिए दस्तावेज की जांच शुरू हो गई है। जो करीब 5-6 साल से रामकुंड पार्क के पीछे कबाड़े का काम कर रहे थे जिनमें अधिकतर लोग मुस्लिम समुदाय से ताल्लुक रखते हैं जो झारखंड के अलग अलग जिलों के खुद को रहने वाला बता रहे हैं। जिला प्रशासन द्वारा सुरक्षा और सत्यापन अभियान के तहत उरई के रामकुंड पार्क के पीछे से 120 संदिग्ध व्यक्तियों को पकड़ा गया है। सभी संदिग्धों को आटा नेशनल हाईवे स्थित नवीन मंडी परिसर में अस्थायी रूप से रखा गया है। इस दौरान पुलिस अधीक्षक डॉ दुर्गेश कुमार ने नवीन मंडी पहुंचकर व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। सुरक्षा की दृष्टि ...