मधुबनी, अप्रैल 28 -- रहिका। बीते मार्च से अप्रैल महीने के अंत तक असामान्य तापमान के उतार चढ़ाव से फसलों को रोगग्रसित होने से भारी मात्रा में नुकसान पहुंचा है। आम के डालियों में आंधी-बारिश से बचे हुए टीकोले गिर रहे हैं। जिसके कारण अब पेड़ पर सुन्ना दिख रहा है। जबकि आम के पेड़ मंजर से लदे हुए थे। गर्मी अधिक बढ़ने से बागवानी फसलों में आम, लीची, कटहल, पपीता सहित सब्जी फसलों का उत्पादन कम होते जा रहे हैं। किसानों ने चिंता जाहिर करते हुए बताया कि इस बार फरवरी माह में आम के वृक्षों में मंजर काफी संख्या में निकला था। लेकिन मार्च महीने में बारिश के साथ बिजली चमकने से मंजर जल गया। किसान रामवृक्ष महतो ने बताया कि चैत माह में बारिश होने से आम के मंजर काले रोगग्रस्त हो गया। गरमी अधिक पड़ने के बाद बारिश होने से सर्द गर्म मौसम हो गया। जलवायु परिवर्तन की इस प...