नई दिल्ली, मई 15 -- उत्तराखंड में नर्सिंग और पैरामेडिकल की पढ़ाई करने का सपना देख रहे हजारों युवाओं के लिए बड़ा बदलाव सामने आया है। अब सरकारी ही नहीं, निजी नर्सिंग और पैरामेडिकल कॉलेजों की हर सीट पर दाखिला लिखित परीक्षा के जरिए ही होगा। यानी पहले की तरह आधी सीटें सीधे कॉलेज प्रबंधन के जरिए भरने की व्यवस्था अब खत्म कर दी गई है। राज्य सरकार के इस फैसले के बाद अब एडमिशन प्रक्रिया पूरी तरह परीक्षा और काउंसलिंग आधारित हो जाएगी। इससे उन छात्रों को राहत मिलने की उम्मीद है जो लंबे समय से पारदर्शी भर्ती व्यवस्था की मांग कर रहे थे।पहले कैसे होती थी सीटों पर भर्ती अब तक उत्तराखंड के निजी नर्सिंग और पैरामेडिकल कॉलेजों में 50 फीसदी सीटें लिखित परीक्षा के आधार पर भरी जाती थीं। बाकी 50 फीसदी सीटों पर कॉलेजों की एसोसिएशन अपने स्तर पर दाखिले करती थी। इसी ...