संतकबीरनगर, जून 28 -- संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। ग्रामीणों को अब जाति, आय, निवास प्रमाण पत्र जैसे जरूरी राजस्व कार्यों के लिए तहसील या लेखपालों के चक्कर नहीं काटने पड़ेंगे। प्रदेश सरकार ने ग्रामीणों की सुविधा के लिए एक बड़ा फैसला लिया है। अब सभी लेखपालों को अनिवार्य रूप से ग्राम सचिवालयों में बैठकर जनता की समस्याओं का निपटारा करना होगा। राजस्व परिषद की आयुक्त एवं सचिव कंचन वर्मा ने इस संबंध कड़े निर्देश जारी कर दिए हैं। ​राजस्व परिषद द्वारा जारी आदेश के अनुसार यह नई व्यवस्था एक जुलाई 2026 से पूरे प्रदेश में प्रभावी रूप से लागू कर दी जाएगी। जनपद स्तर पर लेखपालों के ग्राम सचिवालयों में बैठने की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाएगी। यह भी पढ़ें- ग्राम सचिवालयों में एक जुलाई से बैठेंगे लेखपाल इसके लिए एक उपस्थिति रोस्टर तैयार किया जाएगा,जिससे...