उन्नाव, अप्रैल 1 -- उन्नाव। कानपुर-लखनऊ हाईवे (एनएच 25) में मुख्यालय से लेकर बनी और जाजमऊ तक दोनों छोर पर लगभग 62 ढाबे संचालित हैं, जो इन दिनों कमर्शियल गैस सिलिंडर की किल्लत से जूझ रहे हैं। गैस न मिलने के कारण ढाबा संचालकों को मजबूरन लकड़ी और चूल्हा-भट्टी का सहारा लेना पड़ रहा है। इससे न केवल लागत बढ़ गई बल्कि खाना बनाने में भी अधिक समय लग रहा है। इसका सीधा असर ग्राहकों की जेब पर पड़ रहा है। ढाबा संचालकों ने 10 से 60 रुपये तक थाली के दाम बढ़ा दिए हैं। यही नही, अमूमन 110 रुपए में मिलने वाली पनीर भी इनदिनों 150 रुपए के पार है। व्यवसाई राम समझ और हर्षित शुक्ला व सूर्या बंथर व हाइवे से सटे इलाके में ढाबा चलाते है, उनका कहना है, की गैस की कमी के चलते लकड़ी महंगी हो गई है। 450 से 560 रुपये प्रति क्विंटल बिकने वाली लकड़ी अब 900 रुपये में बिक रह...