भभुआ, मार्च 20 -- कैमूर की मस्जिदों, इबादतगाहों, दरगाह में आखिरी जुमा की नमाज अदा की बोले हाफिज, जकात, सदका, फितरा पर गरीबों व लाचारों का पहला हक (पेज चार) भभुआ, कार्यालय संवाददाता। पाक रमजान के अलविदा जुमा की नमाज के लिए मस्जिदों व इबादतगाहों में अकीदतमंदों का सैलाब उमड़ पड़ा। अकीदतमंदों ने अलविदा जुमा की नमाज अदा फरमाई और अल्लाह की बारगाह में दुआ की कि अगले साल उन्हें रमजान फिर मिले, ताकि वह अपने गुनाह माफ करा सकें। मस्जिदें नमाजियों से भरी थीं। हाफिज अकबर अली ने कहा कि जिस तरह रमजान के महीने में मस्जिद में भीड़ है, उसी तरह अल्लाह पूरे साल मस्जिदों को आबाद करें। अकीदतमंदों ने अल्लाह से अपने गुनाहों की तौबा करने और देश-दुनिया में अमन-चैन व जंग के खात्मे की दुआएं मांगीं। इदगाह मस्जिद में मौलाना मोहसिन रजा के जेरे इमामत में नमाज पढ़ी गई। उन्हो...