नवादा, मई 14 -- ​प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हाल ही में देशवासियों से अपील की है कि वे वाहनों का कम से कम प्रयोग करें और डीजल-पेट्रोल की खपत में कटौती करें। उनका उद्देश्य न केवल देश की अर्थव्यवस्था को मजबूती देना था, बल्कि पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक बड़ा कदम बढ़ाना भी था। लेकिन, यह नसीहत केवल उन आम नागरिकों के लिए ही बन कर रह गयी है, जो पहले से ही महंगाई की मार झेल रहे हैं। आपके अपने अखबार हिन्दुस्तान द्वारा की गई पड़ताल में जो तस्वीरें सामने आईं, वे सत्ता और व्यवस्था के दोहरे चरित्र को उजागर करती हैं। यह भी पढ़ें- पेट्रोल बचत: दिल्ली सरकार के तीन विभाग में लागू हुआ 'ब्लू प्रिंट', क्या निर्देश?सत्ताधारी नेताओं की वाहनों की संस्कृति अफसरों से लेकर जनप्रतिनिधियों के काफिले में वाहनों की संख्या कम नहीं हुई है। सांसद और डीएम-एसपी के साथ पह...