पटना, जनवरी 7 -- पटना नगर निगम ने शहर की स्वच्छ आबोहवा के लिए निगम के सभी अंचलों में अपशिष्ट मलबा प्रबंधन केंद्र बनाया है। निगम ने इसे निर्माण एवं विध्वंस (सीएंडडी)अपशिष्ट सेकेंड्री प्वाइंट नाम दिया है। नगर निगम प्रशासन ने आम लोगों, बिल्डरों एवं निर्माण एजेंसियों को स्पष्ट निर्देश दिया है कि वे निर्माण एवं विध्वंस अपशिष्ट को खुले में या जहां-तहां सड़कों पर न फेंकें। इसे वे अपने नजदीकी मलबा द्वितीयक केंद्र पर ही जमा करें। साथ ही सभी निर्माणाधीन भवनों एवं वाणिज्यिक (कॉमर्शियल) इमारतों में धूल-प्रदूषण की रोकथाम के लिए ग्रीन मेश (हरित जाली) लगाना अनिवार्य कर दिया गया है। निर्धारित मानकों का पालन न करने अथवा जहां-तहां मलबा फेंकने की स्थिति में संबंधित व्यक्ति पर 1500 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है। दरअसल, शहर में वायु प्रदूषण को नियंत्र...