बलिया, जुलाई 14 -- बांसडीह, हिन्दुस्तान संवाद। टीएस (तुर्तीपार-श्रीनगर) बंधा के किनारे के गांव भोजपुरवा में सरयू नदी की भीषण कटान से लोगों के घर व खेतों के विलीन होने का सिलसिला तेज हो गया है। वर्षों से यहां रहने वाले लोग नम आंखों से अपने मकान को खुद से ही तोड़ रहे हैं। कटान इतनी तेज है कि लोग अपने पुश्तैनी सामानों को बचाने के लिए जेसीबी मशीन से भी घर तोड़वा रहे हैं, ताकि दरवाजे, खिड़कियां, लकड़ी, छड़ और ईंटें सुरक्षित निकाली जा सकें। जिन घरों को कई पीढ़ियों ने मेहनत और सपनों से बनाया था, वह अब कुछ घंटों में मलबे में बदल रहा है। सरयू की तेज धारा अब तक सैकड़ों बीघा कृषि भूमि को अपने आगोश में ले चुकी है। हर घंटे नदी की धारा खेतों का एक नया हिस्सा काट रही है। कटान की रफ्तार इतनी तेज है कि ग्रामीणों में दहशत का माहौल है और पूरा गांव अपने भविष...