अपनी कला और परंपराओं को पहचाने बिना सांस्कृतिक समृद्धि रहेगी अधूरी: नीरज
गढ़वा, मार्च 23 -- गढ़वा, प्रतिनिधि। कला एवं साहित्य की अखिल भारतीय संस्था संस्कार भारती की ओर से आयोजित कला धरोहर यात्रा का रविवार को जिला मुख्यालय स्थित रंका मोड़ के संकट मोचन मंदिर से शुरू की गई। यह यात्रा सदर प्रखंड के ढोंटी गांव स्थित ऐतिहासिक स्थल रक्सैल राज तक पहुंचकर संपन्न हुई। यात्रा में बड़ी संख्या में कला-प्रेमियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों की सहभागिता रही। उक्त अवसर पर कला धरोहर यात्रा के संयोजक नीरज श्रीधर स्वर्गीय ने कहा कि यात्रा का उद्देश्य हमारी प्राचीन सांस्कृतिक विरासत को संरक्षित करना और नई पीढ़ी को अपनी जड़ों से जोड़ना है। जब तक हम अपनी कला और परंपराओं को नहीं पहचानेंगे, तब तक सांस्कृतिक समृद्धि अधूरी रहेगी। मौके पर रक्सैल राज के ऐतिहासिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए एकल अभियान के जिला सचिव सियाराम शरण वर...
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