संतकबीरनगर, अप्रैल 18 -- संतकबीरनगर, हिन्दुस्तान टीम। संतकबीरनगर जिले के जिला कृषि रक्षा अधिकारी डॉ. सर्वेश कुमार ने कहा है कि अनाज भंडारण में सतर्कता बरतें। नमी व कीटों से बचाव का प्रबंध करें। अन्यथा अनाज को नुकसान पहुंच सकता है। उन्होंने कहा कि बुवाई से लेकर कीट रोग प्रबंधन, पोषण प्रबंधन तथा कटाई के बाद भंडारण भी प्रमुख कार्यों में से एक है। असुरक्षित भंडारण में कीड़े, कृन्तक, सूक्ष्मजीवों आदि के कारण फसल कटाई के बाद होने वाली क्षति खाद्यान्न की लगभग 10 प्रतिशत होती है। फसल कटाई के उपरांत भंडारण में होने वाली क्षति में अकेले कीटों का योगदान 2 से 4.02 प्रतिशत है। यह भी पढ़ें- थैलीकरण से लीची फलों पर कम होता है कीट का प्रकोप : डॉ. सुनील सुरक्षित अन्न भंडारण के उपाय करने से प्रति वर्ष होने वाली क्षति को कम किया जा सकता है तथा अपने उत्पाद का...