नई दिल्ली, मई 25 -- इस साल अगर आप ज्येष्ठ मास की निर्जला एकादशी की तारीख खोज रहे हैं तो रुक जाएं। इस साल निर्जला एकादशी मई में नहीं, जून में है। अभी अधिकमास लगा है, इसलिए अधिक मास में पद्मिनी या कमला एकादशी होती है। यह एकादशी बहुत खास है, क्योंकि ये 3 साल में एक बार आती है। इसका जिक्र पद्मपुराण में किया गया है, जिसमें श्रीकृष्ण ने कहा है कि अधिक मास आनेपर जो एकादशी होती है, वह कमला या पद्मिनी नामसे प्रसिद्ध है। वह तिथियों में उत्तम तिथि है। उसके ब्रत के प्रभावसे लक्ष्मी आपके पास आती है। अधिकमास की एकादशी में तुलसी की पूजा इस दिन क्या तुलसी की पूजा करो, उसके पास दीपदान करो। इस दिन उल्लेख किया गया है कि जो तुलसीदल पुष्पाणि ये यच्छन्ति जनार्दने। कार्तिक सकलें वत्स पापं जन्मार्जितं दहेत्‌॥ तुलसीके समीप लाख गुना और भगवान्‌ विष्णुके निकट अनन्त ...