प्रयागराज, जुलाई 10 -- माफिया अतीक अहमद के गैंग और अफसरों के गठजोड़ का एक नया मामला सामने आया है। एक दशक पहले कसारी-मसारी और ऐनुद्दीनपुर में माफिया के हौसले इतने बुलंद थे कि उसने लगभग 22 बीघा (54973.77 वर्ग मीटर) प्रयागराज विकास प्राधिकरण की जमीन अपने नाम दर्ज करा ली थी। मामला संज्ञान में आने के बाद जब डीएम मनीष कुमार वर्मा ने मुख्य राजस्व अधिकारी संजय पांडेय से इसकी जांच कराई तो सच सामने आया। जमीन तो फिर सरकारी खाते में दर्ज कर पीडीए की अभिरक्षा में सौंप दी गई है, लेकिन इस प्रकरण में तत्कालीन प्रशासनिक अफसरों पर कार्रवाई होना लगभग तय हो गया है। जिस जमीन पर माफिया ने अपना नाम दर्ज कराया था, उसकी कीमत 165 करोड़ रुपये बताई जा रही है। सदर तहसील के कसारी-मसारी क्षेत्र वर्ष 1976 सरकार बनाम अताउल्ला पुत्र बरकत अली वाद न्यायालय में चला। 1998 में...