सुल्तानपुर, अप्रैल 5 -- दोस्तपुर, संवाददाता। कस्बे से गुजरने वाली मझुई नदी अतिक्रमण और गंदगी की मार झेल रही है। हालात यह हैं कि कभी चौड़े पाट और साफ पानी के लिए पहचानी जाने वाली यह नदी अब सिमटती जा रही है और इसका अस्तित्व संकट में पड़ता दिख रहा है। नदी में पानी नाममात्र रह गया है, जबकि किनारों पर गंदगी का अंबार लगा हुआ है। कूरेभार क्षेत्र के दखिनवारा गांव से निकलने वाली मझुई नदी करीब 40 ग्राम पंचायतों से गुजरते हुए जैसे ही दोस्तपुर कस्बे में प्रवेश करती है, उसकी स्थिति बदहाल नजर आने लगती है। गंदगी ने समस्या को और विकराल बना दिया है। कस्बे और आसपास के इलाकों से निकलने वाला घरेलू व व्यावसायिक कचरा खुलेआम नदी में या उसके किनारों पर फेंका जा रहा है। प्लास्टिक, पॉलिथीन और अन्य अपशिष्ट पदार्थों के ढेर से नदी का पानी प्रदूषित हो रहा है। इतना ही ...
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