साहिबगंज, अगस्त 8 -- साहिबगंज/मिथिलेश सिंह। अगस्त क्रांति भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की एक महत्वपूर्ण घटना है। 1942 की अगस्त क्रांति ने ब्रिटिश शासन के ताबूत में आखिरी कील का काम किया था। साहिबगंज व राजमहल भारतीय स्वतंत्रता संग्राम की इस क्रांति का प्रमुख गवाह रहा। प्रसिद्ध भारतीय इतिहासकार पीसी राय चौधरी , विदेशी इतिहासकार जेम्स ब्राउन बुकानन, एससी हील, टी शॉ, ब्रेडले बर्ट, मैकफर्सन आदि ने भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के दौरान राजमहल में हुए आंदोलनों का विस्तार से बखान किया है। हालांकि बरहेट के भोगनाडीह से शुरू हुए आजादी की पहली लड़ाई यानी 1855 के संताल विद्राह को लेकर पहले से साहिबगंज से जुड़ा यह पूरा क्षेत्र पहले से ही सुर्खियों में था। दरअसल, आठ अगस्त 1942 को शुरू हुआ भारत छोड़ो आंदोलन का सर्वाधिक असर राजमहल में हुआ था। आंदोलन की आग उस समय ध...