सुपौल, मार्च 15 -- सुपौल, रवि कुमार नए वित्तीय वर्ष में सुपौल जिले को सप्तकौशिकी महोत्सव की सौगात मिलेगी। इससे न सिर्फ नदियों का संरक्षण होगा, बल्कि युवा पीढ़ियों को अपने यहां की नदियों के प्रवाह और उसकी महत्ता की भी जानकारी मिल सकेगी। इस आयोजन की स्वीकृति को लेकर जिला प्रशासन की ओर से कला एवं संस्कृति विभाग के सांस्कृतिक कार्य निदेशक को जिला पदाधिकारी ने पत्र लिखा है। जल्द ही इस आयोजन की स्वीकृति मिल जाएगी। इसके बाद हर साल नए साल के मौके पर एक जनवरी को जिलावासी राजकीय सप्तकौशिकी महोत्सव का लुत्फ उठा पाएंगे। दरअसल, नेपाल से कोसी नदी के बिहार में प्रवेश के बाद इसका उद्गम स्थल सुपौल जिला ही है। इसके बाद कोसी बराज के माध्यम से वीरपुर होती हुई कोसी नदी बिहार के अलग-अलग जिलों में प्रवेश करती है। कोसी नदी में इसकी करीब सात सहायक नदियां भी बाद म...