अखंड सौभाग्य की कामना का पर्व 'वट सावित्री व्रत' आज
औरैया, मई 15 -- रुरुगंज, संवाददाता। पति की दीर्घायु और अखंड सौभाग्य की कामना के लिए रखा जाने वाला वट सावित्री व्रत शुक्रवार को श्रद्धा और विधि-विधान के साथ मनाया जाएगा। ज्येष्ठ मास की अमावस्या पर पड़ने वाला यह व्रत भारतीय संस्कृति और सनातन परंपरा में विशेष महत्व रखता है। इस बार व्रत विशेष धार्मिक संयोग में मनाया जाएगा। ज्योतिषाचार्य श्यामबिहारी द्विवेदी ने बताया कि वटवृक्ष यानी बरगद के मूल में ब्रह्मा, मध्य में विष्णु और अग्रभाग में भगवान शिव का वास माना गया है। धार्मिक मान्यताओं के साथ-साथ वैज्ञानिक दृष्टि से भी बरगद का वृक्ष वातावरण को शुद्ध करने वाला माना जाता है। उन्होंने कहा कि वटवृक्ष की तरह परिवार में सुख, समृद्धि और दीर्घायु बनी रहे, इसी कामना से महिलाएं यह व्रत रखती हैं। यह भी पढ़ें- Vat Savitri vrat katha in hindi: वट सावित्री व्...
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