सुल्तानपुर, मार्च 13 -- सुलतानपुर, संवाददाता। रमजान-उल-मुबारक के आखिरी जुमे (जुमातुल विदा) की नमाज जिले भर की मस्जिदों में अकीदत और एहतराम के साथ अदा की गई। इस अवसर पर शहर में परंपरागत रूप से 77वां 'मदहे सहाबा जुलूस' निकाला गया। जुलूस में शामिल लोगों ने अमन, इंसानियत और कौमी एकता का पैगाम दिया। जुलूस चौक स्थित बीबिया मस्जिद से नातिया कलाम और नारे-ए-तकबीर की सदाओं के बीच निकला। जुलूस शाहगंज चौराहा, डाकखाना चौराहा, गंदा नाला, चौक घंटाघर होते हुए जामिया इस्लामिया खैराबाद पहुंचा, जहां इसका समापन हुआ। आयोजकों ने बताया कि यह जुलूस फतह-ए-मक्का के मौके पर पैगंबर हजरत मुहम्मद सल्लल्लाहु अलैहि वसल्लम की ओर से दी गई आम माफी और इंसानियत के संदेश की याद में निकाला जाता है। जुलूस के माध्यम से आपसी भाईचारा, सौहार्द और गिले-शिकवे भुलाकर एकता बनाए रखने का...