लातेहार, मार्च 19 -- लातेहार संवाददाता। होली के दौरान हुई एक सड़क दुर्घटना में गांव की एक महिला की मौत के बाद शुरू हुआ घटनाक्रम अब गंभीर सामाजिक सवाल खड़े कर रहा है। इसी बीच एक मानसिक रूप से विक्षिप्त और मिर्गी से पीड़ित व्यक्ति के असामान्य व्यवहार को आधार बनाकर गांव में अंधविश्वास को हवा दी गई। नेतरहाट थाना क्षेत्र के महुआडांड़ प्रखंड अंतर्गत दौना गांव में ग्रामीणों की बैठक बुलाई गई, जिसमें यह कहा गया कि गांव खराब हो चुका है और पारंपरिक बैगा भी इसे ठीक नहीं कर पा रहा है। ग्रामीणों की अपनी मान्यताओं के बीच कुछ असामाजिक तत्वों ने यह सुझाव दिया कि यदि कथित पीड़ित को मल-मूत्र पिलाया जाए तो गांव की स्थिति ठीक हो जाएगी। इस अमानवीय प्रस्ताव का गांव की ही जल सहिया हिना देवी ने कड़ा विरोध किया, जिसके चलते उनका असामाजिक तत्वों से विवाद भी हुआ। स्थ...
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