मुरादाबाद, मार्च 24 -- मुरादाबाद। मध्यपूर्व में चल रही जंग के असर से अब मरीजों की एमआरआई जांच पर संकट की आहट हुई है। मुरादाबाद में संचालित कुछ निजी डायग्नॉस्टिक केंद्रों पर स्थापित एमआरआई उपकरण में भरी हुई हीलियम गैस अगले पंद्रह से बीस दिन बाद खाली हो जाने की संभावना जताकर संकट पैदा होने का अंदेशा जाहिर किया है। मुरादाबाद में रेडियोलॉजिस्ट डॉ. सीमा मिड्ढा ने बताया कि प्रत्येक छह महीने में उपकरण के चैंबर्स में हीलियम भरने के लिए मुंबई से टैंकर पहुंचता है। एक बार में एक हजार लीटर हीलियम भरी जाती है। कुछ दिनों के बाद हीलियम गैस खाली हो जाने की संभावना के मद्देनजर कंपनी को फिलिंग के लिए ऑर्डर भेजा हुआ है। यदि निर्धारित समयावधि तक हीलियम भरने के लिए टैंकर नहीं पहुंचा तो एमआरआई जांच ठप हो सकती है। हीलियम गैस भरने से जो मैग्नेटिक फील्ड बनता है उ...