Noida, April 17 -- READ IN ENGLISH

कई बार हम अपने जीवन में आत्मविश्वास की कमी महसूस करते हैं, कई बार हम लोगों के सामने बोलना चाहते हैं, लेकिन हमारे अंदर के डर हमें रोकते है। कई बार व्यक्ति अत्यधिक सोचने की समस्या से ग्रस्त होता है और अवसाद (depression) जैसी समस्या भी हो सकती है।

लेकिन एक ख़ास रुद्राक्ष है जो आपको ज़िंदगी में इन दिक्कतों से उबरने में मदद करता है- 3 मुखी रुद्राक्ष।

शिव पुराण जैसे पौराणिक ग्रंथों के अनुसार, भगवान शिव के आंसुओं से ख़ास तरह के पेड़ों (Eleocarpus ganitrus) की उत्पत्ति हुई थी, जिनसे रुद्राक्ष उत्पन्न होते हैं। यह रुद्राक्ष कलयुग में इंसानों के कष्टों को कम करने के लिए ही भगवान् शिव ने उत्पन्न किये है।

इस ब्लॉग में, आइए जानें 3 मुखी रुद्राक्ष के बारे में और यह आपको पिछले जन्मों के सभी दोष कर्मों को कैसे दूर करता है।

3 मुखी रुद्राक्ष

3 मुखी रुद्राक्ष में 3 कुदरती मुखी होते हैं। यह रुद्राक्ष अग्नि देव का स्वरुप बताया गया है। इसलिए यह माना जाता है की जो इसे श्रद्धा से धारण करता है ये उसके जीवन से हर तरह की नकारात्मकता और पापों को जलाकर नाश कर देता है।

साथ ही 3 मुखी रुद्राक्ष ब्रह्मा, विष्णु और महेश का स्वरुप माना जाता है।

ज्योतिष शास्त्र में 3 मुखी रुद्राक्ष मंगल और सूर्य ग्रह से संबन्धित है। जिनकी कुंडली में सूर्य ग्रह या मंगल ग्रह अशुभ स्थिति में हो, उनको 3 मुखी रुद्राक्ष धारण करने से बहुत लाभ होता है।

3 मुखी रुद्राक्ष का मंत्र 'ॐ क्लीं नमः' है। जो इसे धारण किए हुए इस मंत्र का नियमित जप करता है, उसके अंदर की नकारात्मक ऊर्जा धीरे-धीरे समाप्त होने लगती है और आत्मविश्वास व मानसिक शक्ति में वृद्धि होती है।

3 मुखी रुद्राक्ष का महत्व

ज़िंदगी में कई बार, हम अपने दिल में एक अपराधबोध भाव या छिपे हुए डर के साथ जीते हैं। कभी-कभी हम अवसाद में चले जाते हैं और उससे बाहर निकलने के लिए संघर्ष करते हैं।

3 मुखी रुद्राक्ष हमें इन सब भावनात्मक उलझनों से मुक्ति देने में सहायक होता है। जब हम रुद्राक्ष की पवित्र ऊर्जा से जुड़ते हैं, तो यह उन रुकावटों को तोड़ने में मदद करता है जो हमें ज़िंदगी में आगे बढ़ने से रोकती हैं।

जब 3 मुखी रुद्राक्ष की ऊर्जा हमारे अंदर जागती है, तो यह एक सकारात्मक वाइब्रेशन लाती है और धीरे-धीरे हमारे रास्ते से रुकावटों को हटा देती है।

चाहे इंटरव्यू में फेल होने का डर हो, एग्जाम पास न कर पाने का डर हो, या विवाह और भविष्य की चिंता सता रही हो, यह रुद्राक्ष सभी तरह के डर और चिंताओं को दूर करने में बहुत मदद करता है।

शिव पुराण के अनुसार

त्रिमुखं च त्रिलोक्यस्य कारणं पापनाशनम्।

धारणात् तस्य नश्यन्ति ब्रह्महत्यादिकाः पापाः॥

अर्थात : त्रिमुख (त्रिमुखी रुद्राक्ष) तीनों लोकों (स्वर्ग, पृथ्वी, पाताल) का कारण और पापों का नाश करने वाला है। इसे धारण करने से ब्रह्महत्या जैसे बड़े से बड़े पाप भी नष्ट हो जाते हैं।

श्रीमद्देवीभागवतम्, अध्याय 7, श्लोक 26 के अनुसार

।।। त्रिमुखश्चैव रुद्राक्षो अप्वग्नित्रयस्वरूपकः तद्धारणाच्च हुतभुक् तस्य तुष्यति नित्यशः ।।

अर्थात : त्रिमुखी रुद्राक्ष तीन प्रकार की अग्नियों (अग्नित्रय) का स्वरूप माना जाता है। इसे धारण करने से हुतभुक् (अग्नि देव) सदा उस व्यक्ति से प्रसन्न रहते हैं।

3 मुखी रुद्राक्ष के लाभ

कर्मों की शुद्धि : 3 मुखी रुद्राक्ष में अग्नि देव की ऊर्जा पिछले जन्म के कर्मों के असर को ख़त्म कर देता है, साथ ही आपके विचारों में भी पवित्रता आती है जिससे व्यक्ति के कर्मों की शुद्धि हो जाती है।

हीन भावना का नाश : 3 मुखी रुद्राक्ष व्यक्ति के अंदर आत्मविश्वास और मनोबल जगाता है और उसके अंदर बिना किसी दर और झिझक के चुनौतियों से लड़ने का साहस लाता है।

पब्लिक स्पीकिंग : यह बातचीत करने की कला (Communication Skills) में सुधार लाता है, जिससे लोगों के सामने अपनी बात स्पष्टता से रखना आसान हो जाता है।

बुरी नज़र से सुरक्षा : रुद्राक्ष में छिपी शक्तियां एक सुरक्षा कवच की तरह काम करती है जो हर बुरी नज़र और नकारात्मक शक्तियों से रक्षा करती है। उसके चारों ओर एक सुरक्षा कवच बनता है।

मांगलिक दोष का उपाय : यह मांगलिक दोष वाले लोगों के लिए खास तौर पर फायदेमंद है। मंगल का ज़्यादा असर अक्सर क्रोध या बुरी आदतों जैसे बुरी चीज़ों की जल्दी लत लगने की वजह बनता है। 3 मुखी रुद्राक्ष पहनने से मंगल के बुरे प्रभावों से मुक्ति मिल जाती है।

3 मुखी रुद्राक्ष के स्वास्थ्य लाभ

वैज्ञानिक शोध के अनुसार, रुद्राक्ष से लगातार इलेक्ट्रोमैग्नेटिक वाइब्रेशन (Electromagnetic vibration) निकलती रहती हैं, जो नर्वस सिस्टम पर हीलिंग इफ़ेक्ट डालती है।

क्योंकि 3 मुखी रुद्राक्ष अग्नि देव और मंगल ग्रह से जुड़ा है, इसलिए पारंपरिक रूप से माना जाता है कि यह शरीर में ज़्यादा ताप और मंगल से जुड़ी स्वास्थ्य समस्याओं को संतुलित करने में मदद करता है।

इसलिए, नियमित रूप से रुद्राक्ष धारण से ये लाभ मिलते हैं-

पाचन शक्ति और मेटाबॉलिज्म में सुधार : अग्नि तत्व से जुड़ा होने के कारण, माना जाता है कि यह पाचन शक्ति और मेटाबॉलिक बैलेंस को बेहतर बनाता है।

थकान में राहत और स्टैमिना में वृद्धी : 3 मुखी रुद्राक्ष से मंगल की ऊर्जा मिलती है जिससे शारीरिक ऊर्जा, एंड्योरेंस और ओवरऑल एनर्जी लेवल को बढ़ाता है।

हार्ट हेल्थ में सुधार : 3 मुखी रुद्राक्ष पुराने डर, अपराधबोध और अत्यधिक सोचने को कम करने में मदद करता है। जब मन हल्का होता है, तो ह्रदय पर भी दबाव कम पड़ता है जिससे हार्ट हेल्थ में सुधार होता है।

चेहरे पर तेज: अग्नि तत्व से जुड़े होने के कारण, इसे पहनने से शरीर का तेज बढ़ता है और चेहरे पर प्राकृतिक चमक आती है।

प्राकृतिक रुद्राक्ष धीरे-धीरे लाभ पहुंचाता है। त्वचा के संपर्क में आने के बाद रुद्राक्ष हीलिंग इफेक्ट्स शुरू कर देता है। इसलिए प्रयास करें कि यह पेंडेंट या ब्रेसलेट के रूप में धारण करें। 3 मुखी रुद्राक्ष के फायदे अनुभव करने के लिए नियमित रूप से धारण करना आवश्यक है।

नेपाली और इंडोनेशियन 3 मुखी रुद्राक्ष में अंतर

नेपाली 3 मुखी रुद्राक्ष

नेपाली 3 मुखी रुद्राक्ष आकर में बड़ा होता है (लगभग 18-23 mm). इसकी सतह पर प्राकृतिक रेखाएं (मुखी) बहुत ही स्पष्ट, उभरी हुई, गहरी दिखाई देती हैं। ऊर्जा की बात करें तो इसमें बहुत तेज़ और अधिक वाइब्रेशन होती है। सिर्फ़ एक नेपाली रुद्राक्ष धारण से ही लाभ मिलता है। वज़न में यह इंडोनेशियन रुद्राक्ष से भारी होता है। आम तौर पर यह महंगा मिलता है। अगर बहुत ही कम दाम में मिल रहा है तो नकली होने की आशंका है।

नेपाल का 3 मुखी रुद्राक्ष बहुत शक्तिशाली होता है, क्योंकि यह सीधे हिमालय से रुद्राक्ष के पेड़ (एलियोकार्पस गैनिट्रस) से मिलता है।

इंडोनेशियन 3 मुखी रुद्राक्ष

इंडोनेशिया जिसे जावा रुद्राक्ष भी कहते हैं वह आकार में बहुत छोटे होते है (लगभग 14-18 mm). नेपाली रुद्राक्ष के विपरीत, इनमें मुखी कम उभरे हुए होते है और इनका वज़न नेपाली रुद्राक्ष से हल्का होता है। ऊर्जा की बात करें तो वह जावा रुद्राक्ष में हल्की और कोमल होती है। इसका पूरा असर पाने के लिए, इसे माला (108+1) या ब्रेसलेट के तौर पर पहनने की सलाह दी जाती है।

3 मुखी रुद्राक्ष किस राशि के लोग धारण कर सकते हैं ?

कोई भी इसे राशि के लोग पहन सकते है। रुद्राक्ष सभी के लिए है।

नीचे उन लोगों की पूरी सूची दी गई है जो 3 मुखी रुद्राक्ष के लाभ पाना चाहते हैं -

1- जो लोग अपने अतीत में फंसे रहते हैं और अक्सर पुरानी गलतियों के बारे में सोचते रहते हैं।

2- जिन लोगों में हिम्मत और आत्मविश्वास की कमी होती है।

3- बहुत शर्मीले लोग और जिन्हें समाज से डर लगता है।

4- आध्यात्मिक लोग जो अपने पिछले कर्मों को शुद्ध करना चाहते हैं।

5- जो अपनी नौकरी या बिज़नेस में बार-बार नाकामयाबी का सामना कर रहे हैं।

6- क्रिएटिव फ़ील्ड में काम करने वाले, जैसे एक्टर, पेंटर और सिंगर।

7- ऐसे प्रोफ़ेशन में काम करने वाले जिनमें साहस की ज़रूरत होती है, जैसे आर्म्ड फ़ोर्स और मेडिकल प्रोफ़ेशनल।

8- स्टूडेंट जिनमें फ़ोकस की कमी होती है।

9- बिज़नेसमैन और बड़े पद पर बैठे लोग जिन्हें बड़े फ़ैसले लेने होते है।

3 मुखी रुद्राक्ष पहनने के नियम

रुद्राक्ष एक पवित्र बीज है। इसे धारण करने के कुछ नियम है जिन्हें पालन करना आवश्यक है नहीं तो रुद्राक्ष की शक्ति और प्रभाव क्षीण हो सकते है।

1- अंतिम संस्कार में जाते समय न पहनें। इससे रुद्राक्ष की शक्ति पर असर पड़ता है।

2- इसे पहनते समय मास-मदिरा का सेवन न करें।

3- अपना रुद्राक्ष कभी किसी के साथ साझा न करें।

4- इसे गंदे हाथों से ना छुएँ।

5- खराब या टूटा हुआ रुद्राक्ष न पहनें।

6- इसे साबुन, डिटर्जेंट और परफ्यूम से दूर रखें।

7- रुद्राक्ष को समय-समय पर पानी या गंगाजल से साफ करें और इसकी लंबी उम्र बनाए रखने के लिए थोड़ा सा कुदरती तेल लगाएं।

8- रुद्राक्ष हमेशा श्रद्धा और सम्मान से धारण करें।

ऑरा के अनुसार सही रुद्राक्ष का चयन से मिलेगा अधिकतम लाभ

आम सुझावों के उलट, हर रुद्राक्ष का एक खास वाइब्रेशन और प्रभाव होता है, कोई रुद्राक्ष अच्छा स्वास्थ्य प्रदान करता है तो कोई सुखी वैवाहिक जीवन के लिए होता है। इसलिए, सही रुद्राक्ष चुनना बहुत ज़रूरी है। हर व्यक्ति की एक औरा (आभा) होती है। हर औरा की ऊर्जा अलग होती है। जैसे एक व्यक्ति अपने करियर में बहुत उन्नति चाहता हो दूसरा व्यक्ति ऐसा हो जिसे बार - बार बुरी नज़र लगती हो। इसलिए औरा के आधार पर यह जाना जा सकता है कि कौन सा रुद्राक्ष व्यक्ति को सबसे ज़्यादा लाभ देगा।

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निष्कर्ष

चाहे आप अपने मन के डरों को दूर करना चाहते हो या पिछले कर्मों के बोझ से मुक्ति पाना चाहते हों, असली 3 मुखी रुद्राक्ष से उत्तम कुछ भी नहीं। बस ज़रूरी है इसे पूरी श्रद्धा और विश्वास के साथ नियमित रूप से धारण करना, और रुद्राक्ष का असली होना। नियमित रूप से धारण करने पर मिलेंगे चमत्कारी परिणाम।

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अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

Q1. असली 3 मुखी रुद्राक्ष की कीमत कितनी होती है?

असली 3 मुखी रुद्राक्ष की कीमत रुद्राक्ष की उत्पत्ति और गुणवत्ता पर निर्भर करती है। असली रुद्राक्ष की कीमत जानने के लिए इस लिंक पर विज़िट करें।

Q2. असली रुद्राक्ष कहां मिलेगा?

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Q3. क्या हर किसी को रुद्राक्ष सूट करता है?

हाँ, सामान्य रूप से रुद्राक्ष हर व्यक्ति पहन सकता है। यह रत्नों की तरह नहीं है। आप कोई भी रुद्राक्ष धारण करें इसका लाभ ही मिलेगा। सही चयन से इसका असर और बेहतर होता है जैसे द्वारा औरा मैचिंग।

Q4. रुद्राक्ष पहनने के बाद कितने समय में असर दिखता है?

नियमित पहनने और रुद्राक्ष को विश्वास के साथ नियमित रूप से धारण करें तो इसके परिणाम 1 माह के अंदर दिखने लगते हैं।

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