लखनऊ , अक्टूबर 27 -- लखनऊ के फन रिपब्लिक मॉल परिसर में मंगलवार को श्रद्धा, आस्था और आध्यात्मिक भावनाओं से जुड़ा एक अनूठा दृश्य देखने को मिला, जब भगवान श्री हनुमान जी की 24 फीट ऊंची और लगभग 600 किलोग्राम वजनी भव्य प्रतिमा का उद्घाटन किया गया। विशेष आध्यात्मिक महत्व वाली इस प्रतिमा को 50 हजार से अधिक पत्थरों से तैयार किया गया है।
प्रतिमा का अनावरण विधायक डॉ. नीरज बोरा द्वारा किया गया। लखनऊ में स्थापित यह भव्य प्रतिमा श्रद्धालुओं और आगंतुकों के लिए आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनने जा रही है।
इस प्रतिमा की सबसे बड़ी आध्यात्मिक विशेषता यह है कि इसके निर्माण में इस्तेमाल किए गए 50 हजार से अधिक पत्थर हैं और प्रतिमा पर 'राम-राम' नाम भी अंकित किया गया है। भगवान श्री हनुमान को प्रभु श्रीराम का अनन्य भक्त माना जाता है और इसी भक्ति भाव को प्रतिमा के पत्थर में समाहित करने का प्रयास किया गया है।
प्रतिमा को तैयार करने में लगभग 30 दिनों का समय लगा। इसके निर्माण में देश के अलग-अलग राज्यों से विशेष पत्थर मंगाए गए। पत्थरों को आकार देने, काटने और उन पर बारीक नक्काशी करने में लगभग 10 दिन का समय लगा। प्रतिमा को अंतिम स्वरूप देने के लिए अलग-अलग राज्यों से आए 20 से 25 कुशल कारीगरों ने मिलकर कार्य किया। कारीगरों की मेहनत, पारंपरिक शिल्पकला और आधुनिक तकनीकी सहयोग से भगवान श्री हनुमान जी की इस भव्य प्रतिमा को आकार दिया गया।
फन रिपब्लिक मॉल प्रबंधन के अनुसार, 24 फीट ऊंची यह प्रतिमा किसी भी संस्थान या परिसर में स्थापित एशिया की सबसे बड़ी हनुमान प्रतिमा होने का दावा रखती है। साथ ही, इससे पहले किसी एशियाई मॉल परिसर में इस तरह की इतनी विशाल हनुमान प्रतिमा स्थापित किए जाने का उदाहरण सामने नहीं आया है।
प्रतिमा की इसी विशिष्टता के चलते इसे एशिया बुक ऑफ रिकार्डस और इंडिया बुक ऑफ रिकार्ड्स में दर्ज किया गया है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित