कोंडागांव , जुलाई 17 -- छत्तीसगढ़ के कोंडागांव में जैन समाज की साध्वी विराग ज्योति, साध्वी विश्व ज्योति और साध्वी जिनज्योति का 19 जुलाई को कोण्डागांव में भव्य मंगल प्रवेश होगा। इनमें साध्वी विराग ज्योति और साध्वी विश्व ज्योति 42 वर्ष बाद अपनी जन्मभूमि लौट रही हैं। इस अवसर को लेकर जैन समाज में उत्साह का माहौल है और स्वागत की तैयारियां अंतिम चरण में हैं।

समाज के पदाधिकारियों ने बताया कि साध्वी विराग ज्योति और साध्वी विश्व ज्योति ने मात्र 15 वर्ष की आयु में 19 मार्च 1984 को महाराष्ट्र के शाहदा में जैन दीक्षा ग्रहण की थी। दीक्षा के बाद उन्होंने सांसारिक जीवन का त्याग कर संयम, तप, अहिंसा, ब्रह्मचर्य और अपरिग्रह का मार्ग अपनाया। तब से वे पैदल विहार करते हुए धर्म प्रचार, स्वाध्याय और साधना में निरंतर संलग्न हैं।

उन्होंने बताया कि 19 जुलाई को सुबह आठ बजे राजेंद्र स्टील परिसर से मंगल प्रवेश यात्रा प्रारंभ होगी, जो नगर के प्रमुख मार्गों से होते हुए जैन श्वेताम्बर दादाबाड़ी पहुंचेगी। यात्रा के दौरान बैंड-बाजे, धार्मिक जयघोष और पुष्पवर्षा के साथ साध्वियों का स्वागत किया जाएगा।

मंगल प्रवेश के बाद तीनों साध्वियों का चार माह का वर्षावास कोण्डागांव में रहेगा। इस अवधि में प्रतिदिन धर्मसभा, प्रवचन, स्वाध्याय, तप-आराधना और अन्य धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे, जिनमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है।

जैन समाज के पदाधिकारियों के अनुसार, कोण्डागांव की इन साध्वियों का 42 वर्ष बाद जन्मभूमि आगमन जिले के लिए गौरव और सौभाग्य का अवसर है।

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