रायपुर , जून 08 -- ) छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा है कि फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' 26/11 मुंबई आतंकी हमले के दौरान सेवा, साहस और समर्पण का परिचय देने वाले स्वास्थ्यकर्मियों की अनकही कहानी को देश के सामने लाने का महत्वपूर्ण प्रयास है।

श्री साय सोमवार को रायपुर के जोरा मॉल में आयोजित फिल्म 'भारत भाग्य विधाता' की प्री-लॉन्च स्क्रीनिंग समारोह को संबोधित कर रहे थे। इस अवसर पर अभिनेत्री एवं सांसद कंगना रनौत, फिल्म निर्देशक मनोज तापड़िया सहित फिल्म जगत से जुड़े कलाकार, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे।

मुख्यमंत्री ने कहा कि 26 नवंबर 2008 के मुंबई आतंकी हमले के दौरान अस्पतालों में कार्यरत नर्सों, डॉक्टरों और अन्य स्वास्थ्यकर्मियों ने अपने प्राणों की परवाह किए बिना घायलों की सेवा कर सैकड़ों लोगों की जान बचाई। ऐसे अनेक नायक हैं, जिनके योगदान को पर्याप्त पहचान नहीं मिल पाती। यह फिल्म उन्हीं अनसुने और अनदेखे नायकों को सम्मान देने का प्रयास है।

उन्होंने कहा कि फिल्म के निर्देशक मनोज तापड़िया छत्तीसगढ़ की माटी के पुत्र हैं और उन्होंने इस महत्वपूर्ण विषय पर आधारित कहानी को बड़े पर्दे तक पहुंचाया है। साय ने कहा कि कंगना रनौत ने फिल्म में नर्स की भूमिका निभाकर स्वास्थ्यकर्मियों के साहस और समर्पण की कहानी को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा फिल्म को 'भारत भाग्य विधाता' नाम दिया जाना भी गौरव का विषय है।

इस अवसर पर कंगना रनौत ने कहा कि फिल्म के निर्देशक छत्तीसगढ़ से हैं और उनकी इच्छा थी कि फिल्म की स्क्रीनिंग प्रदेश में आयोजित की जाए। उन्होंने आयोजन में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इससे पूरी टीम का उत्साहवर्धन हुआ है।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने आपातकालीन परिस्थितियों में उत्कृष्ट सेवाएं देने वाले 'भारत भाग्य विधाता वॉरियर्स' को सम्मानित भी किया।

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