हैदराबाद , मई 11 -- तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी ने सोमवार को राज्य में सार्वजनिक शिक्षा को मजबूत करने के उद्देश्य से कई बड़ी पहलों की घोषणा की है। इसमें 100 क्षेत्रों में लगभग 20,000 करोड़ रुपये की अनुमानित लागत से 100 'यंग इंडिया इंटीग्रेटेड स्कूल' का निर्माण शामिल है।
श्री रेड्डी ने सरकार की 'प्रजापालन-प्रगति योजना' के हिस्से के रूप में एलबी स्टेडियम में सप्ताह भर चलने वाले 'विद्या वारोत्सवलु' उत्सव का उद्घाटन किया।
उन्होंने 'क्योर' जोन में 1,011 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले यंग इंडिया इंटीग्रेटेड स्कूलों की आधारशिला भी रखी। साथ ही आउटर रिंग रोड की सीमा में शैक्षणिक संस्थानों के लिए 1,700 करोड़ रुपये की बुनियादी ढांचा विकास योजना का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर श्री रेड्डी ने कहा कि राज्य सरकार गरीब, दलित, आदिवासी और ग्रामीण छात्रों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और तकनीकी कौशल प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।
उन्होंने बताया कि सरकार ने 60 दिनों के भीतर 11,000 शिक्षकों की भर्ती प्रक्रिया पूरी की, 22,000 शिक्षकों को पदोन्नति दी और बिना किसी विवाद के 36,000 शिक्षकों के तबादले किये।
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्तमान में तेलंगाना के 27,000 सरकारी विद्यालयों में लगभग 1.5 लाख शिक्षकों के सहयोग से 19 लाख छात्र पढ़ रहे हैं। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने अपने बजट का आठ प्रतिशत शिक्षा के लिए आवंटित किया है और इसे धीरे-धीरे बढ़ाकर 15 प्रतिशत करने की योजना है।
श्री रेड्डी ने कहा कि इस शैक्षणिक सत्र से सरकारी स्कूल नर्सरी से कक्षा 12वीं तक की शिक्षा प्रदान करेंगे। उन्होंने कहा कि सरकार छात्रों को पौष्टिक भोजन, दूध और रागी जावा उपलब्ध करायेगी। इसके अलावा कोडंगल के स्कूलों में पायलट आधार पर 'ब्रेकफास्ट प्रोग्राम' लागू किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार शिक्षा किट पर 1,000 करोड़ रुपये खर्च कर रही है।
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