मुंबई , सितंबर 11 -- णेश चतुर्थी के अवसर पर सोनी सब के कलाकारों ने अपने गृहनगर की परंपराओं, परिवार के साथ बिताए पलों और मुंबई में बप्पा के भव्य उत्सव से जुड़ी अपनी यादें साझा कीं।'यादें' में डॉ. सृष्टि का किरदार निभा रहीं गुलकी जोशी ने कहा कि आधी महाराष्ट्रीयन होने के कारण गणेश चतुर्थी से उनका गहरा जुड़ाव है। इंदौर में परिवार के साथ उत्सव मनाने की यादों के साथ उन्हें मुंबई में बप्पा के लिए पूरे शहर का एकजुट होना और खासकर उकडीचे मोदक बेहद पसंद है।

'पुष्पा इम्पॉसिबल' में पुष्पा की भूमिका निभा रहीं करुणा पांडे ने कहा कि उत्तराखंड से होने के कारण वहां गणेश चतुर्थी मनाने का तरीका महाराष्ट्र से अलग है। मुंबई आने के बाद उन्हें लोगों को बप्पा को घर लाते और श्रद्धा के साथ उत्सव मनाते देखना अच्छा लगा। उन्होंने कहा कि बचपन में उनके घर हर पूजा की शुरुआत गणेश जी की पूजा से होती थी।

'हस्तिनापुर के वीर' में शकुनि की भूमिका निभा रहे चंदन आनंद ने कहा कि दिल्ली में परिवार के साथ त्योहार मनाने की याद आती है, लेकिन मुंबई में गणेश चतुर्थी की ऊर्जा अलग है। ढोल-ताशा, शोभायात्राओं और उत्सव के बीच बप्पा का स्वागत पूरे शहर को जीवंत कर देता है।

'पुष्पा इम्पॉसिबल' में राधा का किरदार निभा रहीं सरिता जोशी ने कहा कि मराठी परिवार से होने के कारण गणेश चतुर्थी हमेशा उनके लिए खास रही है। वडोदरा में बचपन के दिनों में सात दिनों तक बप्पा का स्वागत करने की यादें आज भी उनके दिल के करीब हैं। उन्होंने कहा कि मुंबई में भव्य उत्सवों का हिस्सा बनना भी उन्हें बेहद पसंद है।

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