नयी दिल्ली , जुलाई 29 -- भारतीय राष्ट्रीय छात्र संगठन (एनएसयूआई) ने सेंट स्टीफंस कॉलेज द्वारा छात्रों के शॉर्ट्स पहनने पर लगाये गये प्रतिबंध की कड़ी आलोचना करते हुए इसे छात्रों की व्यक्तिगत स्वतंत्रता और संवैधानिक अधिकारों पर हमला बताया और कॉलेज प्रशासन से इस फैसले को तत्काल वापस लेने तथा छात्रों के साथ संवाद स्थापित करने की मांग की है।

एनएसयूआई के राष्ट्रीय अध्यक्ष विनोद जाखड़ ने कहा कि भारत का संविधान प्रत्येक नागरिक को अपनी पसंद के अनुसार पहनने, खाने और बोलने की स्वतंत्रता देता है। शिक्षण संस्थानों का उद्देश्य स्वतंत्र चिंतन और आलोचनात्मक सोच को बढ़ावा देना होना चाहिए, न कि छात्रों की व्यक्तिगत पसंद पर अनावश्यक प्रतिबंध लगाना।

श्री जाखड़ ने आरोप लगाया कि देशभर के विश्वविद्यालयों और कॉलेजों में आरएसएस की विचारधारा थोपने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने कहा कि यदि शिक्षण संस्थानों को किसी वैचारिक एजेंडे के तहत चलाने का प्रयास किया गया तो एनएसयूआई उसका हर स्तर पर विरोध करेगी। उन्होंने संसद में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी द्वारा विश्वविद्यालयों में आरएसएस के बढ़ते प्रभाव का मुद्दा उठाये जाने का भी उल्लेख किया।

एनएसयूआई ने कहा कि विश्वविद्यालय लोकतांत्रिक संवाद, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के केंद्र होने चाहिए। संगठन ने दोहराया कि संविधान सर्वोपरि है और छात्रों के अधिकारों एवं स्वतंत्रता को कमजोर करने के किसी भी प्रयास का दृढ़ता से विरोध किया जायेगा।

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